झाँसी: नौ महीने के लंबे अंतराल के बाद आयोजित नगर निगम सदन की बैठक में शहर से जुड़ी अव्यवस्थाओं और अनियमितताओं को लेकर पार्षदों ने जमकर सवाल उठाए. बैठक की शुरुआत से ही माहौल गर्म रहा. अधिकांश मुद्दों पर अधिकारियों के जवाब पुराने ढर्रे के ही रहे, जिनमें जांच जारी होने और जल्द कार्रवाई का आश्वासन दोहराया गया.
जिला अस्पताल के पास पार्किंग शुल्क को लेकर आरोप
बैठक के दौरान पार्षद कन्हैया कपूर ने जिला अस्पताल के पास संचालित पार्किंग व्यवस्था पर सवाल खड़े किए. उन्होंने आरोप लगाया कि फुटपाथ पर अवैध रूप से वाहन खड़े कराए जा रहे हैं और ठेका लेने वाली फर्म निविदा शर्तों का उल्लंघन कर रही है. इस पर अपर नगर आयुक्त राहुल यादव ने कहा कि मामले की जांच चल रही है और शीघ्र आवश्यक कार्रवाई की जाएगी. पार्षद मुकेश सोनी ने आरोप लगाया कि पार्किंग के नाम पर खुलेआम अवैध वसूली की जा रही है. वहीं पार्षद दिनेश प्रताप सिंह ने पार्किंग परिसर के भीतर अवैध वेंडिंग का मुद्दा उठाते हुए तत्काल रोक लगाने की मांग की.
सरकारी जमीन पर कब्जों को लेकर हंगामा
सरकारी जमीन पर अवैध कब्जों का मुद्दा भी सदन में जमकर गूंजा. पार्षद सुनीता सत्येंद्र पुरी ने आरोप लगाया कि उनाव गेट के बाहर पंचवटी क्षेत्र में सरकारी भूमि पर विवाह घर का निर्माण कर लिया गया है और बार-बार शिकायत के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई. इस पर पार्षद सुलेमान मंसूरी ने कहा कि उनाव गेट के अंदर पुलिस चौकी के पास पहले नगर निगम द्वारा एनओसी दी गई थी. शिकायत के बाद एनओसी निरस्त तो कर दी गई, लेकिन कब्जा अब तक नहीं हटाया गया.
अपर नगर आयुक्त ने बताया कि राजस्व विभाग और नगर निगम की संयुक्त टीम पैमाइश कर कार्रवाई करेगी. नगर आयुक्त आकांक्षा राणा ने एक-दो दिन में कार्रवाई पूरी कराने का आश्वासन दिया. इस दौरान एक पार्षद ने तीखा सवाल करते हुए कहा कि क्या नगर निगम किसी बड़े हादसे के बाद ही जागेगा.
हंगामे के बीच बजट पारित, विपक्ष ने लगाए आरोप
जैसे ही बजट पढ़ने की प्रक्रिया शुरू हुई, विपक्षी पार्षदों ने विरोध दर्ज कराया. उनका आरोप था कि उनकी आवाज दबाई जा रही है और सवालों को नजरअंदाज किया जा रहा है. भारी हंगामे के बीच अंततः बहुमत के आधार पर बजट पारित कर दिया गया.
झाँसी नगर निगम की बैठक में भारी हंगामा, ये है कारण, बजट पारित हुआ
