उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के सभी स्कूलों और शिक्षण संस्थानों में राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ का गायन अनिवार्य करने की घोषणा की है. सोमवार को गोरखपुर में ‘एकता यात्रा’ के शुभारंभ से पहले आयोजित सभा में सीएम योगी ने कहा कि हर नागरिक के मन में भारत माता और मातृभूमि के प्रति श्रद्धा का भाव जागृत होना चाहिए. उन्होंने कहा कि अब उत्तर प्रदेश के हर विद्यालय में विद्यार्थियों को प्रतिदिन ‘वंदे मातरम्’ का गायन करना होगा, ताकि राष्ट्रभक्ति और एकता की भावना और प्रबल हो.
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि ‘वंदे मातरम्’ केवल एक गीत नहीं, बल्कि यह भारत की आत्मा और स्वतंत्रता आंदोलन का प्रतीक है. उन्होंने बताया कि रवीन्द्रनाथ टैगोर द्वारा रचित यह गीत 1896 से 1922 तक कांग्रेस के अधिवेशनों में नियमित रूप से गाया जाता था, लेकिन 1923 में मोहम्मद अली जौहर के विरोध के बाद कांग्रेस ने तुष्टिकरण की नीति अपनाई और ‘वंदे मातरम्’ को दरकिनार कर दिया. सीएम योगी ने कहा कि यदि उस समय कांग्रेस ने इस विरोध को स्वीकार न किया होता, तो शायद भारत का विभाजन टल सकता था.
सीएम ने कहा कि कांग्रेस की तुष्टिकरण की नीतियों ने देश को विभाजन की ओर धकेला और आज भी कुछ दल उसी राह पर चल रहे हैं. उन्होंने समाजवादी पार्टी के सांसदों द्वारा ‘वंदे मातरम्’ के विरोध पर निशाना साधते हुए कहा कि जो लोग अपने महापुरुषों और राष्ट्रगीत का सम्मान नहीं करते, वे देश की एकता को कमजोर करते हैं.
वंदे मातरम् पर फिर उठा विवाद
हाल के दिनों में राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ एक बार फिर राजनीतिक बहस का केंद्र बना हुआ है. महाराष्ट्र में एनडीए सरकार जहां स्कूलों में पूरा ‘वंदे मातरम्’ अनिवार्य करने की दिशा में आगे बढ़ रही है, वहीं कांग्रेस और समाजवादी पार्टी इसके विरोध में दिखाई दे रही हैं. समाजवादी पार्टी के नेता अबू आज़मी और मुरादाबाद के पूर्व सांसद डॉ. एसटी हसन ने धार्मिक कारणों का हवाला देते हुए ‘वंदे मातरम्’ गाने से इनकार किया है. उन्होंने कहा कि इस्लाम में इबादत केवल अल्लाह की होती है, इसलिए धरती या किसी वस्तु की पूजा नहीं की जा सकती.
हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि मुसलमान देशभक्त हैं और मातृभूमि के लिए जान देने को तैयार हैं, लेकिन पूजा नहीं कर सकते. इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर नई बहस छिड़ गई है. वहीं, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने साफ कहा कि राष्ट्रीय एकता और अखंडता के खिलाफ बोलने वालों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
उत्तर प्रदेश के सभी स्कूलों में अनिवार्य होगा ‘वंदे मातरम्’, सीएम योगी आदित्यनाथ का बड़ा ऐलान
