दिल्ली में हुए ताज़ा ब्लास्ट के बाद पूरे उत्तर भारत में सुरक्षा एजेंसियों में हलचल मच गई है. इसी के तहत बुंदेलखंड क्षेत्र को भी अलर्ट पर रखा गया है. जालौन, झांसी, ललितपुर, बांदा, महोबा और हमीरपुर सहित पूरे इलाके में पुलिस ने निगरानी तेज कर दी है. रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, बाजारों और धार्मिक स्थलों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई है. हर संदिग्ध गतिविधि पर पुलिस की पैनी नजर बनी हुई है.
राज्य पुलिस मुख्यालय से मिले निर्देशों के बाद सभी जिलों में सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ किया गया है. थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में पैदल गश्त बढ़ाने और रात्रिकालीन पेट्रोलिंग अनिवार्य रूप से करने के आदेश दिए गए हैं. भीड़भाड़ वाले इलाकों में पुलिस जवानों को मेटल डिटेक्टर और बम स्क्वॉड के साथ तैनात किया गया है. वहीं, ड्रोन कैमरों के जरिए संवेदनशील स्थानों की लगातार निगरानी की जा रही है ताकि कोई भी संदिग्ध गतिविधि तुरंत पकड़ में आ सके.
बुंदेलखंड के सीमावर्ती इलाकों में सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए हैं. मध्य प्रदेश की सीमा से लगे क्षेत्रों में पुलिस चौकियों पर आने-जाने वाले वाहनों और यात्रियों की सघन तलाशी ली जा रही है. ट्रेनों और बसों में भी यात्रियों की जांच की जा रही है. खुफिया विभाग (IB) की टीमें स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर संदिग्ध व्यक्तियों पर नजर रख रही हैं.
जालौन के पुलिस अधीक्षक ने बताया कि किसी भी आकस्मिक स्थिति से निपटने के लिए क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) और बम निरोधक दस्ते को सक्रिय रखा गया है. साथ ही नागरिकों से अपील की गई है कि वे किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें और संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति की जानकारी तुरंत पुलिस को दें.
प्रशासन का कहना है कि दिल्ली धमाके के बाद यह कदम एहतियात के तौर पर उठाया गया है ताकि क्षेत्र में शांति और सुरक्षा का माहौल बना रहे. फिलहाल, बुंदेलखंड पूरी तरह से पुलिस की निगरानी में है और सुरक्षा एजेंसियां किसी भी संभावित खतरे से निपटने के लिए तैयार हैं.
दिल्ली ब्लास्ट के बाद बुंदेलखंड में सुरक्षा कड़ी, चप्पे-चप्पे पर पुलिस की पैनी नज़र
